सेब खरीद का रास्ता साफ, मंडियों में 24 किलो की पेटी भरकर लानी होगी
*किलो के हिसाब से सेब खरीद का रास्ता साफ, मंडियों में 24 किलो की पेटी भरकर लानी होगी*हिमाचल प्रदेश की मंडियों में इस सीजन से किलो के हिसाब से सेब खरीद का रास्ता साफ हो गया। इसके लिए बागवानों को मंडियों में अधिकतम 24 किलो सेब पेटी में भरकर लाना होगा। बागवानों की मांग पर प्रदेश सरकार ने यह व्यवस्था कर दी है। हालांकि मंडियों में सेब ग्रेड के हिसाब से नहीं, बल्कि औसत दाम पर बिकेगा। इस संबंध में कृषि सचिव ने शुक्रवार को अधिसूचना भी जारी कर दी। अधिसूचना के अनुसार सेब और अन्य फल बेचने से पहले बागवानों को अपने घरों में तैयार फसल का वजन करना होगा। सेब का वजन लिखना जरूरी बागवान को पेटी पर न मिटने वाले मार्कर के साथ पेटी पर सेब का वजन लिखना जरूरी होगा। बागवान पेटी में अधिकतम 24 किलो सेब ही भर सकेंगे। इसके बाद भी अगर मंडी में सेब के वजन को लेकर कोई विवाद उठा तो मौके पर मौजूद उप समिति विवाद को सुलझाएगी। बागवान यूनिवर्सल, टेलीस्कोपिक कार्टन के अलावा प्लास्टिक क्रेट में भी सेब पैक कर मंडियों में बेच सकेंगे। किलो के हिसाब से बेचने के बाद मंडियों में ग्रेड के हिसाब से नहीं, बल्कि हर श्रेणी के सेब को औसत दाम पर खरीदा जाएगा। नीलामी यार्ड में तराजू भी लगाने होंगे प्रदेश की फल मंडियों में आढ़तियों को नीलामी यार्ड में फसलों का वजन करने के लिए कांटे (तराजू) भी लगाने होंगे। मंडियों के हर मार्केट यार्ड में सेब और अन्य फलों की बिक्री से पहले उनको तौलना होगा। मंडियों में बागवान चाहे तौल कर फसल बेचने पहुंच रहा है, लेकिन लदानी या आढ़ती जब फसल खरीदेगा तो उन्हें पहले फसल का वजन करना होगा। मंडियों में आढ़तियों और लदानियों का पंजीकरण होगा, उन्हें सेब और अन्य फल किलो के हिसाब से ही खरीदने होंगे।

