महाकुंभ प्रयागराज में दिव्य संगम तट पर स्नान करना परम सौभाग्य : तीर्थानंद भारद्वाज

आस्था, श्रद्धा और आध्यात्मिक ऊर्जा से ओत-प्रोत इस अद्भुत महासंगम में भारत की सांस्कृतिक विरासत की झलक मिलती है। माँ गंगा सभी पर अपनी कृपा बनाए रखें और जीवन में सुख-शांति का संचार करें।

भाजपा किसान मोर्चा सोलन के अध्यक्ष तीर्थ आनंद भारद्वाज ने कहा कि प्रयागराज महाकुंभ में गंगा में डुबकी लगाकर धन्य और रोमांचक महसूस कर रहे हैं अविश्वसनीय महाकुंभ में आना भगवान शंकर असीम कृपा से संभव हो पाया है संगम में डुबकी लगा कर अपने आप को धन्य एवं रोमांचित महसूस कर रहा हूं श्रद्धा और विश्वास का अद्भुत समागम ह यह महाकुंभ भारतवर्ष की समृद्ध विरासत का अद्भुत और जीवंत प्रतीक है सनातन की एकता और ताकत का एहसास करता है यह महाकुंभ विराट सनातन अनंत महाकुंभ एक ब्रह्म सर्वत्र विस्तृत इस महाकुंभ में एकत्व दिखाई दे रहा है महाकुंभ में 144 वर्षों के बाद समुद्रमंथन जैसा महा संयोग बन रहा है बुधादित्य कुंभ श्रवण नक्षत्र के साथ ही सिद्धि योग बन रहा है। सूर्य चंद्र और शनि तीनों ग्रह शनि की राशि मकर एवं कुंभ में गोचर कर रहे हैं। यह संयोग देवासुर संग्राम के समय बना था जब देवगुरु बृहस्पति 12राशियों का भ्रमण कर वापस वृषभ राशी में आते हैं तब हर 12साल में पूर्ण कुंभ लगता है जब बृहस्पति का वृषभ राशि में गोचर 12साल में पूरा हो जाता है तब 144साल बाद महाकुंभ लगता है हमारी इस ऐतिहासिक यात्रा में जो यात्रीगण इस दुर्लभ क्षण के साक्षी रहे मैं उन सभी का हृदय की गहराइयों से धन्यवाद करता हूं जिन्होंने इस यात्रा को सुगम बनाया इस यात्रा में भजन कीर्तन एवं हसी मजाक का पूर्ण समावेश रहा।।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *